Digital India In Hindi Essay On Swachh

विद्यार्थियों की मदद के लिये डिजिटल इंडिया अभियान पर हम यहाँ कई निबंध उपलब्ध करा रहें हैं क्योंकि सामान्यत: उन्हें कक्षा में किसी परीक्षा या प्रतियोगिता में निबंध लेखन का कार्य सौंपा जाता है। विभिन्न शब्द सीमा के साथ ही डिजिटल इंडिया पर दिये गये सभी निबंध बेहद सरल शब्दों में पिरोये गये हैं जो अलग-अलग कक्षाओं के विद्यार्थियों की जरुरत के आधार पर लिखे गये हैं।

डिजिटल इंडिया पर निबंध (डिजिटल इंडिया एस्से)

Find here some essays on Digital India in easy Hindi language for students in 100, 150, 200, 250, 300, and 400 words.

डिजिटल इंडिया पर निबंध 1 (100 शब्द)

डिजिटल इंडिया के रुप में, एक महत्वकांक्षी कार्यक्रम का आरम्भ दिल्ली के इंदिरा गाँधी इनडोर स्टेडियम में 1 जुलाई (बुधवार) 2015 को हुआ था। इसकी शुरुआत विभिन्न प्रमुख उद्योगपतियों (टाटा समूह के अध्यक्ष साइरस मिस्त्री, आरआईएल अध्यक्ष और प्रबंध निदेशक मुकेश अंबानी, विप्रो अध्यक्ष अज़ीम प्रेमजी आदि) की मौजूदगी में हुई। सम्मेलन में, गाँव से शहर तक भारत की बड़ी संख्या में डिजिटल क्रांति लाने के अपने विचार को इन लोगों ने साझा किया। देश में 600 जिलों तक पहुँच के लिये सूचना तकनीक कंपनी की मौजूदगी में कई सारे कार्यक्रम रखे गये। देश को डिजिटल रुप से सशक्त बनाने के लिये भारतीय सरकार द्वारा लिया गया एक बड़ा कदम है डिजिटल इंडिया कार्क्रम। इस योजना से संबंधित विभिन्न स्कीमों को अनावृत किया जा चुका है (एक लाख करोड़ से ज्यादा की कीमत) जैसे डिजीटल लॉकर, ई-स्वास्थ्य, ई-शिक्षा, राष्ट्रीय छात्रवृत्ति पोर्टल, ई-हस्ताक्षर आदि।

डिजिटल इंडिया पर निबंध 2 (150 शब्द)

इस देश को डिजिटल रुप से सशक्त देश बनाने के लिये भारतीय सरकार द्वारा डिजिटल इंडिया अभियान चलाया जा रहा है। इस मुहिम का लक्ष्य कागजी कार्यवाही को घटाने के द्वारा भारतीय नागरिकों को इलेक्ट्रॉनिक सरकार की सेवा उपलब्ध कराने की है। ये बहुत ही प्रभावशाली और कार्यकुशल है जो बड़े स्तर पर समय और मानव श्रम की बचत करेगा। किसी भी जरुरी सूचना तक पहुँच के लिये तेज गति इंटरनेट नेटवर्क के साथ ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों से जुड़ने के लिये 1 जुलाई 2015 को इस पहल की शुरुआत की गयी थी।

पूरे देश भर में डिजिटल संरचना का निर्माण, डिजिटल साक्षरता, डिजिटल तरीके से सेवा प्रदान करना जैसे डिजिटल इंडिया के तीन महत्वपूर्णं तत्व हैं। 2019 तक इस प्रोजेक्ट को पूरा करने का लक्ष्य है। ये एक कार्यक्रम है जो सेवा प्रदाता और उपभोक्ता दोनों को फायदा पहुँचायेगा। इस कार्यक्रम की निगरानी और नियंत्रण करने के लिये डिजिटल इंडिया सलाहकार समूह (संचार एवं आईटी मंत्रालय के द्वारा संचालन) की व्यवस्था है।

डिजिटल इंडिया पर निबंध 3 (200 शब्द)

विभिन्न प्रमुख उद्योगपतियों की मौजूदगी में दिल्ली के इंदिरा गाँधी इनडोर स्टेडियम में 1 जुलाई 2015 को भारत की सरकार द्वारा डिजिटल इंडिया अभियान की शुरुआत की गयी। इसका लक्ष्य भारत को विश्व का एक बेहतर नियंत्रित स्थान बनाना है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा इस प्रोजेक्ट को (एक लाख करोड़ रुपये) अनुमोदित किया गया है और 2019 तक इसके पूरा होने की उम्मीद है। इस कार्यक्रम की सफलता ई-गर्वनेंस के साथ भारतीय लोगों की सेवा करने के नरेन्द्र मोदी के सपने के सच होने जैसा होगा। कागज़ी कार्यवाही को घटाने, कार्य कुशलता में सुधार और समय की बचत के लिये इलेक्ट्रॉनिक सरकार की सेवा के साथ ये भारतीय नागरिकों को सहज करने के लिये है।

ये योजना वास्तव में तेज गति की इंटरनेट सेवा के साथ दूर-दराज़ के गाँवों और ग्रामीण क्षेत्रों को जोड़ने के द्वारा खास तौर से भारत के ग्रामीण इलाकों में वृद्धि और विकास को सुनिश्चित करेगी। खुद प्रधानमंत्री के इस पूरे प्रोजेक्ट की निगरानी करेंगे। इंटरनेट की पहुँच में आने के बाद डिजिटल इंडिया के नागरिक अपने कौशल स्तर और ज्ञान में सुधार कर सकते हैं। ये एक महत्वकांक्षी प्रोजेक्ट है जो हरेक को फायदा पहुँचायेगा खासतौर से गाँव वालों को जो कई कारणों से कागज़ी कार्य करने में लंबी दूरी तय करते हैं और समय तथा पैसा बर्बाद करते है। पहले से प्रचलित राष्ट्रीय ई-गर्वनेंस योजना का ये एक बहुत ही प्रभावशाली रुप (नो स्तंभों के साथ जो ब्रॉडबैण्ड हाइवे, लोक हित पहुँच कार्यक्रम, हर जगह मोबाईल कनेक्टिविटी, ई-क्रांति, ई-गर्वनेंस, सभी की सूचना, नौकरी के लिये आईटी, पूर्व फसल कार्यक्रम और इलेक्ट्रॉनिक विनिर्माण) है।


 

डिजिटल इंडिया पर निबंध 4 (250 शब्द)

विश्व के जानकार देशों के साथ ही एक संपूर्णं डिजिटल सशक्त भारत में बदलने के लिये 1 जुलाई 2015 (डिजिटल सप्ताह के रुप में 1 जुलाई से 7 जुलाई तक) को भारतीय सरकार द्वारा डिजिटल इंडिया प्रोजेक्ट की शुरुआत हुई। एक आशाजनक अच्छे प्रतिफल को प्राप्त करने के लिये विभिन्न सरकारी विभाग जैसे आईटी, शिक्षा, कृषि आदि के द्वारा ये प्रोजेक्ट परस्पर संबद्ध है। दूरसंचार और सूचना तकनीक मंत्रालय द्वारा इसकी योजना और अध्यक्षता की गई है। अगर ये अच्छे से लागू हुआ तो भारत के लिये ये एक सुनहरे अवसर के समान होगा। इस प्रोजेक्ट के लोकार्पण के बेहद शुरुआत में ही लगभग 250,000 गाँवों और देश के दूसरे आवासीय इलाकों में तेज गति के इंटरनेट कनेक्शन को उपलब्ध कराने के लिये राज्य सरकार के द्वारा एक योजना बनायी गयी थी। इस प्रोजेक्ट में “भारत ब्रॉडबैंड नेटवर्क लिमिटेड” द्वारा एक महत्वपूर्णं भूमिका अदा की है गयी जो वाकई सराहनीय है।

डिजिटल इंडिया में डेटा का डिजिटलाईजेशन आसानी से होगा जो भविष्य में चीजों को तेज और ज्यादा दक्ष बनाने में मदद करेगा। ये कागजी कार्य, समय और मानव श्रम की भी बचत करेगा। सरकार और निजी क्षेत्रक के बीच गठबंधन के द्वारा ये प्रोजेक्ट गति पकड़ेगा। तेज गति नेटवर्क के साथ आपस में जुड़े हुए बड़ी संख्या के गाँव वास्तव में पिछड़े क्षेत्रों से पूर्णं रुप से डिजिटली लैस इलाकों के रुप में एक बड़े बदलाव से गुजरेगा। भारत में सभी शहर, नगर और गाँव ज्यादा तकनीकी होंगे। मुख्य कंपनियों (राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय) के निवेश के साथ 2019 तक इस प्रोजेक्ट को पूरा करने की योजना है। डिजिटल इंडिया प्रोजेक्ट में लगभग 2.5 लाख करोड़ के निवेश के लिये अंबानी के द्वारा घोषणा किया गया है।

डिजिटल इंडिया पर निबंध 5 (300 शब्द)

भारत को एक संपूर्ण डिजिटल देश में बदलने के लिये 1 जुलाई 2015 को भारतीय सरकार के द्वारा डिजिटल इंडिया अभियान की शुरुआत की गयी। सरकारी विभागों और प्रमुख कंपनियों (राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर) के एकीकरण के द्वारा डिजिटल रुप से सशक्त भारतीय समाज के लिये ये एक योजनागत पहल है। भारतीय नागरिकों के लिये आसान पहुँच पर सभी सरकारी सेवा उपलब्ध कराने के लिये इस देश का डिजाटाईजेशन करना मुख्य कारण है। इस कार्यक्रम के तीन मुख्य दृष्टिगत क्षेत्र हैं:

  • भारतीय लोगों के लिये एक जनोपयोगी सेवा की तरह पूरे देश में डिजिटल संरचना हो क्योंकि ये तेज गति की इंटरनेट पहुँच उपलब्ध करायेगा जिससे सभी सरकारी सेवा तक आसान और तेज पहुँच हो जायेगी। ये नागरिकों को जीवन पर्यन्त, अनोखा, ऑनलाईन और प्रामाणिक रुप से डिजिटल पहचान उपलब्ध करायेगा। ये किसी भी ऑनलाईन सेवा जैसे बैंक खाता संभालना, वित्त प्रबंधन, सुरक्षित और सुनिश्चित साईबर स्पेस, शिक्षा, दूरस्थ शिक्षा आदि के लिये बेहद कारगर साबित होगा।
  • सुशासन की अत्यधिक माँग और ऑनलाईन सेवा डिजिटाईजेशन के द्वारा वास्तविक समय में सभी सेवाओं को उपलब्ध करायेगा। डिजिटल रुप से बदली हुई सेवा भी वित्तिय लेन-देन को आसान, इलेक्ट्रॉनिक और बिना नकद के बनाने के द्वारा ऑनलाईन व्यापार करने के लिये लोगों को बढ़ावा देगी।
  • भारतीय लोगों का डिजिटल सशक्तिकरण डिजिटल संसाधनों की वैश्विक पहुँच के द्वारा डिजिटल साक्षरता को वास्तव में मुमकिन बनाएगी। ऑनलाईन प्रमाणपत्र या जरुरी दस्तावेज़ों को जमा करने के लिये ये लोगों को सक्षम बनायेगी ना कि स्कूल, कॉलेज, कार्यालय या किसी संस्थान में भौतिक रुप से प्रस्तुति की जरुरत होगी।

इस पहल के निम्न लक्ष्यों को सुनिश्चित करने के लिये भारतीय सरकार के द्वारा डिजिटल इंडिया कार्यक्रम को लागू किया गया है।

  • ब्रॉडबैंड हाइवे सुनिश्चित करना।
  • मोबाईल फोन के लिये वैश्विक पहुँच को सुनिश्चित करना।
  • तेज गति इंटरनेट से लोगों को सुगम बनाना।
  • डिजिटाईजेशन के माध्यम से सरकार में सुधार के द्वारा ई-गर्वनेंस लाना।
  • सेवाओं की इलेक्ट्रॉनिक डिलिवरी के द्वारा ई-क्रांति लाना।
  • सभी के लिये ऑनलाईन सूचना उपलब्ध कराना।
  • ज्यादा आईटी नौकरियों को सुनिश्चित करना।

 

डिजिटल इंडिया पर निबंध 6 (400 शब्द)

1 जुलाई 2015 प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा डिजिटल इंडिया प्रोजेक्ट की शुरुआत की गयी थी। देश के लोगों के बेहतर विकास और वृद्धि के लिये रुपांतरित भारत के लिये ये एक प्रभावशाली योजना है। वरिष्ठ मंत्रालयी सहयोगियों और प्रमुख कंपनियों के सीईओ की मौजूदगी में बुधवार को पीएम के द्वारा डिजिटल इंडिया सप्ताह (1 जुलाई से 7 जुलाई) शुभारंभ हुआ। सुशासन और अधिक नौकरियों के लिये भारत को एक डिजिटल विस्तार देना इसका लक्ष्य है। सरकारी सेवा और लोगों के बीच की दूरी के अंतर को मिटाने के लिये डिजिटलीकरण अभियान की ओर भारत के पीएम ने अपना श्रेष्ठ प्रयास किया। किसी भी दूसरे देश से ज्यादा वृद्धि और अच्छे भविष्य के लिये भारत में डिजिटलीकरण की बहुत जरुरत थी।

डिजिटल इंडिया अभियान के निम्न लाभ:

  • डिजिटल लॉकर व्यवस्था लागू करने को ये मुमकिन बनाएगा जिसके परिणाम स्वरुप रजिस्टर्ड संग्रह के माध्यम से ई-शेयरिंग सक्षम बनाने के साथ ही भौतिक दस्तावेज़ को कम करने के द्वारा कागजी कार्यवाही को घटाएगा।
  • ये एक प्रभावशाली ऑनलाईन मंच है जो “चर्चा, कार्य करना, और वितरण” जैसे विभिन्न दृष्टिकोण के द्वारा शासन प्रणाली में लोगों को शामिल कर सकता है।
  • सरकार के द्वारा विभिन्न ऑनलाईन लक्ष्यों की प्राप्ति को ये सुनिश्चित करेगा।
  • कहीं से भी अपने दस्तावेज़ और प्रमाणपत्र को ऑनलाईन जमा करना लोगों के लिये ये संभव बनायेगा जो शारीरिक कार्य को घटायेगा।
  • ई-हस्ताक्षर संरचना के द्वारा नागरिक अपने दस्तावेज़ों को ऑनलाईन हस्ताक्षरित करा सकता है।
  • ई-अस्पताल के माध्यम से महत्वपूर्ण स्वास्थ्य परक सेवाओं को आसान बना सकता है जैसे ऑनलाईन रजिस्ट्रेशन, डॉक्टर से मिलने का वक्त लेना, फीस जमा करना, ऑनलाईन लक्षणिक जाँच करना, खून जाँच आदि।
  • अर्जियों के जमा करने, प्रमाणीकरण प्रकिया, अनुमोदन और संवितरण के स्वीकृति के द्वारा राष्ट्रीय छात्रवृत्ति पोर्टल के माध्यम से लाभार्थी के लिये ये लाभ उपलब्ध कराता है।
  • ये एक बड़ा मंच है जो अपने नागरिकों के लिये पूरे देश भर में सरकारी और निजी सेवाओं के प्रभावशाली वितरण को आसान बनाता है।
  • भारत नेट कार्यक्रम (तेज गति का डिजिटल हाइवे) देश के लगभग 250,000 ग्राम पंचायतों को जोड़ेगा।
  • डिजिटल इंडिया पहल में मदद के लिये बाहरी स्रोत नीति भी एक योजना है। मोबाईल पर ऑनलाईन सेवाओं के बेहतर प्रबंधन के लिये जैसे वॉइस, डाटा, मल्टीमीडिया आदि, बीएसएनएल के अगली पीढ़ी का नेटवर्क 30 साल पुराने टेलिफोन एक्सचेंज को बदल देगा।
  • फ्लेक्सिबल इलेक्ट्रॉनिक के लिये राष्ट्रीय केन्द्र फ्लेक्सिबल इलेक्ट्रॉनिक को बढ़ावा देने में मदद करेगा।
  • पूरे देश में बीएसएनएल के द्वारा बड़े पैमाने पर वाई-फाई हॉटस्पॉट को फैलाने की योजना बनायी गयी है।
  • कनेक्टिवीटी से जुड़े सभी संबंधित मुद्दों को संभालने के लिये ब्रॉडबैंड हाइवे है।
  • सभी शहरों, नगरों और गाँवों में ब्रॉडबैंड हाइवे की खुली पहुँच माऊस के एक क्लिक पर विश्व स्तरीय सेवा की उपलब्धता को मुमकिन बनायेगा।

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क्या आप डिजिटल इंडिया प्रोजेक्ट के बारे में जानते हैं?
आखिर ये डिजिटल इंडिया क्या है?
क्या आप डिजिटल इंडिया परनिबंध या Essay हिंदी में लिखना चाहते हैं

अगर हाँ, तो आप सही जगह पे हैं| हमारे इस आर्टिकल से आप बच्चों की स्कूल में दिए जाते डिजिटल इंडिया पर निबंध या ऐसे भी लिख सकते हैं| तो ये रहा डिजिटल इंडिया (Hindi) पर निबंध|
आइए जानते हें की डिजिटल इंडिया क्या है और डिजिटल इंडिया प्रोजेक्ट के विभिन्न फायदे |

विषय सूचि

डिजिटल इंडिया पर निबंध इन हिंदी : (Essay on Digital India 500 words in Hindi)

दोस्तों, निचे नीले रंग में दिया हुआ अंश “डिजिटल इंडिया पर निबन्ध या भाषण” है|
इसका आप ज्यों का त्यों अपने भाषण या निबंध में इस्तेमाल करें| इस विषय में अधिक जानकारी के लिए नीले अंश के निचे डिजिटल इंडिया व अभियान व प्रोजेक्ट के बारे में कई रोचक तथ्य दिए गए हें | उन्हें पढना मत भूलिए|

डिजिटल इंडिया मोदी सरकार द्वारा एक छत्र अभियान है जिसके अंतर्गत बहोत सारे अभियानों का आरम्भ करना सरकार का मूल उद्देश्य है| डिजिटल इंडिया प्रोजेक्ट भारत के बर्तमान सरकार (मोदी सरकार) द्वारा 2 जुलाई 2015 को शुरू किया गया था| इस अभियान का जस्न पूरा एक सप्ताह तक किया गया जिसे “डिजिटल वीक” कहा जा रहा  हें|

डिजिटल इंडिया योजना प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा शुरू किया गया है| इस अवसर पर देश की कई बड़ी बिजनेस मैन और अन्य जानी मानी हस्तियाँ मौजूद थे| जैसे की, रिलायंस कंपनी की अध्यक्ष मुकेश अम्बानी, देश की टेलिकॉम मंत्री श्री रवि शंकर प्रसाद , आदि| इस अवसर पर मोदी जी ने अपने भाषण में देश को डिजिटल बनाने के फायदे के बारे में विस्तार से बताया था|

डिजिटल इंडिया योजना के सफलता के लिए देश की बड़ी बड़ी कंपनियों ने काफि खर्च किया हुआ है| इस योजना की अब तक की लागत करीब 4.5 लाख करोड़ की आंकड़े छु चुकी है| सरकार के अनुमान डिजिटल इंडिया योजना करीब 18 लाख  नई नौकरियों को जन्म देगा| इससे देश में पनपती बेरोजगारी कुछ हद तक घटेगी| ये अभियान अपने साथ साथ काफी और छोटे छोटे अभियानों को साथ लाया है जिससे की देश की कई क्षेत्र में सुधार की उम्मीद है|  

मोदी जी के कहेनुसार वह दिन दूर नहीं जब डिजिटल इंडिया के कारण पूरा विश्व में भारत की एक अलग पहचान होगी| विश्व की कोई ऐसा देश नहीं होगा जिसे भारत की कभी जरुरत ही नहीं होगी| भारत मदद लेने वाले देशों से मदद देने वाले देशों मे गिणा जाएगा| 

डिजिटल इंडिया अभियान से देश की नौजवानों को भी काफी मदद मिलेगी| आज कल पूरे देश में स्टार्ट अप शुरू करने में देश की नौजवानों को डिजिटल इंडिया से काफी मदद मिलेगी| ये नई तकनीकों और सरलता को जन्म देगी| नई नौकरियां भी अपने आप उत्पन्न होने लगेगी|

डिजिटल इंडिया से देश की आर्थिक अवस्था में भी काफी सुधार आने की आशा है| देश को बाहरी राज्यों और देशों से कई प्रकार की चीजों और सामानों का इम्पोर्ट करना पड़ता है| लेकिन अब डिजिटल इंडिया से काफी मात्रा में नई स्टार्ट अप खोले जाएंगे, जिससे की लगभग सारी चीजों का हमारे देश में ही प्रोडक्शन हो पायेगा| इससे देश में नौकरियां के साथ साथ कमाई भी बढेगी| और देश की आर्थिक अवस्था में सुधार होगी|

डिजिटल इंडिया काफी सोची और समझी हुई ख्याल है जिससे पूरा देश उपकृत होगा, और पुरे विश्व के लिए एक उदाहरण बनेगा| तो’आईए हम सब भी देश की डिजिटल इंडिया अभियान को सफल होने में अपना पूरा योगदान दे| 

                                                                         धन्यवाद !!

डिजिटल भारत या डिजिटल इंडिया के बारे में जानकारी:

आज के इस व्यस्त जीवन में सब कुछ बदलता है | हमारे खाने पिने से हमारे काम करने के अंदाज़ भी समय के साथ साथ बदलते हें|  ऐसी ही  कुछ बदलाव हमने अपने देश में भी पाया है |

जी हाँ, हम बात कर रहे देश में डिजिटल इंडिया से बदलाव के बारे में | डिजिटल इंडिया देश में एक क्रांति लेके आया है  जो कि हर काम में स्वच्चाता और सरलता लाने में एक महान अस्त्र है| डिजिटल इंडिया का मिशन देश के हर कार्य को इलेक्ट्रानिकली करना है | चाहे वह जमीन की रिकॉर्ड हो, या फिर सरकारी कर्मचारियों की वेतन का हिसाब| डिजिटल इंडिया का मकसद देश की हर रिकॉर्ड  को इलेक्ट्रानिकली सुरखित रखने का है |

अगस्त 2014 के चुनाव के तुरंत बाद से ही मोदी की सरकार ने डिजिटल इंडिया का फैसला कर लिया था, और करीब एक साल की कड़ी तय्यारी के बाद इसका लांच किया गया|

डिजिटल इंडिया क्या है? What Is Digital India?

डिजिटल इंडिया भारत सरकार द्वारा आरम्भ किया हुआ एक महत्वाकांक्षि कार्यक्रम है जिसका मूल उद्देश्य देश के हर विभाग व रिकॉर्ड को एक ही कड़ी से जुड़ना है | और वह कड़ी है देश की इलेक्ट्रॉनिक डाटा सिस्टम की कड़ी जो की काम की गति को बढाने में मददगार है |

डिजिटल इंडिया वह कार्यक्रम है जो की देश को एक डिजिटली शसक्ति सोसाईटी में तब्दील कर सके और भारत को एक नया रूप दे सके| डिजिटल इंडिया कार्यक्रम से देश की हर जानकारी और रिकॉर्ड को स्वछता से इलेक्ट्रॉनिक मोड में रखा जा रहा है जो की आगे काम में सरलता के साथ साथ तेज रफ़्तार भी लाएगा |

डिजिटल इंडिया की शुरुआत: किसने और कब शुरू किया डिजिटल भारत अभियान? Launch of Digital India:

डिजिटल इंडिया की सुरुवात दिल्ली के इंदिरा गाँधी इंडोर स्टेडियम में 1 जुलाई 2015 को देश के प्रधान मंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के द्वारा कई बड़े बड़े हस्तियों की उपस्तिथि में हुआ था| इस पहल के सुभारम्भ समारोह में विभिन्न उद्योगपतिओं जैसे की टाटा ग्रुप के तब के अध्यक्ष साइरस मिस्त्री, आर.आई.एल अध्यक्ष मुकेश अम्बानी, विप्रो के अजीम प्रेमजी मौजूद थे | इस प्रोग्राम की शुरुवात ख़बरों में काफी छाई| लोगों के मन में नए नौकरी और काम करने के तरीके में बदलाव के काफी आस जागने लगे|

डिजिटल इंडिया प्रोग्राम के मुख्य उद्देश्य : Aim of Digital India in Hindi

डिजिटल इंडिया प्रोजेक्ट मोदी सरकार द्वारा आरम्भ किया हुआ एक एहम प्रोजेक्ट है जो की देश के हर विभाग को इलेक्ट्रानिकली जुड़ता है | इस कार्यक्रम से देश की करीब 2.5 लाख पंचायतों के समेत 6 लाख गाँव को ब्रॉडबैंड से जोड़ने का लख्य है| सरकार ने इस लख्य को 2017 के अंत तक हासिल करने का लख्य रखा है|

डिजिटल इंडिया प्रोजेक्ट का उद्देश्य देश की डाटा को इलेक्ट्रॉनिक मोड में रखना है जिससे की देश की संपत्ति की चोरी होने का संभावना कम हो जायेगा |

आज कल देश में सरकार द्वारा विभिन्न स्कीम चलाया जा रहा है| इन स्कीमों के तहत गरीब और जरुरत लोगों को विभिन्न मदद प्रदान किया जाता है| लेकिन असल में ये स्कीमों को सही जन तक पहुंचाया ही नहीं जाता है, और बिच में ही स्कीम के अनुसार अयोग्य लोग इसका फाईदा उठा लेते थे|

इस तरह की लोभ और अनैतिक कार्यीं को रोकने के लिए सरकार ने डिजिटल पैमेंट और डिजिटल प्रोग्राम का आरम्भ किया | डिजिटल पैमेंट का उद्देश्य सही लोग तक उनके हक़ को पहुंचाना भी है|

प्रधान मंत्री मोदी जी चाहते हें की डिजिटल इंडिया का लाभ हर कोई उठाये| इससे देश की कृषि क्षेत्र भी लाभ पाता है| कृषि उत्पादन, मुद्रा संबधि विवरण और बिक्री मूल्यों का पता लगा के कृषि क्षेत्र में अधिक कमाई किया जा सकता है|

इस मुहीम का लक्ष देश से कागज़ कार्यवाही को हटाना है जिससे की देश की लाखों रुपये खर्च होने के साथ साथ अनियमितता भी पनपता है|

अगले चार साल के अन्दर ढाई लाख पंचायतों को ब्रॉडबैंड से जोड़े जाने की लक्ष रख सरकार ने अपनी तैयारी भी शुरू कर ली है| सरकार की सारी योजनायें और नियम अब हर किसी के स्मार्ट फ़ोन में होगी| लेकिन भारत देश में करीब 90 करोड़ लोगों की पहुँच इन्टरनेट तक नहीं होने के कारण, सरकार ने डिजिटल साक्षरता के प्रोग्राम को भी आरम्भ कर दिया है|

गाँव गाँव में डिजिटल ईंडिया की बारे में और डिजिटल ईंडिया के महत्व व लाभ के बारे में देश के नागरिकों को बताया जायेगा| पुरे देश में डिजिटल ईंडिया की एक लहर छाया जाएगा ताकि देश की तकनिकी सुविधाओं से कोई भी देशवाशी बंचित न रहे|

डिजिटल इंडिया के लाभ व फाईदा:  Advantages Of Digital IndiaMission in Hindi:

डिजिटल ईंडिया कार्यक्रम के अनेक लाभ और गूण हें | डिजिटल ईंडिया से हर व्यक्ति की जिंदगी में एक बदलाव आया है | डिजिटल इंडिया के फायदे अनेक हें | अगर सरकार की इस मुहीम को हम सब मिल के और मदद करें तो ये प्रोजेक्ट हमें अपनी जिंदगी में एक वरदान के रूप में वापस मदद करेगा| डिजिटल इंडिया प्रोग्राम से हर व्यक्ति और सरकारी बेसरकारी कार्यालयों में समय की बचत हो रहा  है |

  1. डिजिटल इंडिया प्रोग्राम से सही जण को उसका सही लाभ मिल रहा  है |
  2. डिजिटल इंडिया प्रोग्राम से रिश्वत की आदत को जड़ से मिटाने में एक प्रकार की मदद हो रहा है|
  3. डिजिटल इंडिया प्रोग्राम से कागज़ कार्यवाही में बेकार की खर्च में कमी नज़र आ रही है |
  4. डिजिटल इंडिया प्रोग्राम से हर चीज़ का सही सूचना लोगों तक पहुँच रहा है|
  5. डिजिटल इंडिया प्रोग्राम से देश में हो रही विभिन्न मुहीम की जानकारी पाने में सरलता दिख रही है|
  6.  डिजिटल इंडिया प्रोग्राम से एक स्वच्छ और सत्य भारत का निर्माण हो रहा है |

डिजिटल इंडिया प्रोजेक्ट एक ऐसी मुहीम है जो की सेवा प्रदाता और उपभोक्ता दोनों को फाईदा पहुंचाता है |

देश में हाल ही में डीमोनेटाईसेसन व वीमुद्रिकरण लागू होने के बाद से लोगों में डिजिटल इंडिया की काफी ज्यादा आग्रह देखने को मिल रहा है| लोग आज कल अपना हर खरीद और बिक्री को कैशलेश करना पसंद कर रहे हें| छोटे छोटे व्यापारियों से लेकर बड़ी दुकानों में भी आज कल लगभग हर खरीद पे- टिएम, जैसे कंपनियों के कैश्लेश तरीकों से की जा रही है|

डिजिटल पेमेंट और डिजिटल सुरक्षा का एक माहोल पुरे देश में छाया हुआ है | पे-टीएम्, मोबिक्विक जैसे कंपनियां सरकार की डिजिटल इंडिया कार्यक्रम के प्रमोशन में काफी मददगार साबित हुए हें| आज लगभग पूरा देश इन कंपनियों कि डिजिटल  पैमेंट के तरीके को अपना के देश को डिजिटल बना रहे हें | छोटे से लेकर बड़े व्यापारियों को भी ग्राहकों कि सुविधा के लिए इस तरह के पैमेंट और कैशलेश तरीकों को अपनाना पड़ा| देखते ही देखते एक साल से भी कम वक़्त (विमुद्राकरण के वक़्त से) में देश की जनता ने अपना कारोबार ऑनलाइन करना पसंद करने लगे|

सरकार ने नोटबंदि के बाद कैशलेश पैमेंट के तरीकों को अपनाने के लिए पुरे देश से अनुरोध किया| देश में कैशलेश को बढ़ावा देने के लिए भारत सरकार द्वारा एक स्वतंत्र एप्प का आरम्भ किया गया जो की  लोग आसानी से इस्तेमाल कर सकते हैं| इस एप्प का नाम भीम एप्प रखा गया|

डिजिटल ईंडिया ने देश भर में कई नौकरियां और रोज़गार भी प्रदान किया है| सरकार ने देश में तकनिकी सुधार और नयी तकनीकों के लांच के कार्य में कई युवाओं को नौकरियां प्रदान करी|

डिजिटल इंडिया के हानि या नुक्सान: Disadvantages of Digital India in Hindi:

डिजिटल ईंडिया अभियान पर ये निबंध अधूरा होगा अगर हम डिजिटल भारत के नुक्सान पे चर्चा ना करें| जहां तक में देख सकता हूँ, डिजिटल इंडिया मिशन के हानि तो कुछ नहीं है लेकिन हां शॉर्ट-टर्म में डिजिटल इंडिया का नुक्सान ग़रीब ओर कम पढ़े लोगो को होगा क्योंकि उन्हें ये तकनीक समझने में ओर इससे अभियस्त होने मे कुछ वक़्त लग जाएगा|

ग़रीब लोग जिनके पास “android” मोबाइल ही नहीं है, वह “BHIM APP” का लाभ कैसे उठाएंगे?

लेकिन डिजिटल ईंडिया का लाभ और हानि के बारे में चर्चा हो रही है तो हमें ये भी याद रखना चाहिए की कोई भी बड़ा बदलाव एक ही झटके में नहीं होता| वक़्त ओर अभ्यास सब में चाहिए होता है|

आज डिजिटल इंडिया मिशन सफलता की कदम बड़े ही तेज़ रफ़्तार से छु रही है| आइये जानते हें डिजिटल इंडिया की सफलता की कहानी|

डिजिटल इंडिया की सफलता: Success of Digital India in Hindi:

डिजिटल ईंडिया हर रोज़ नई सफलता को चूमती है, इस बात की तो पूरा देश गवाह है|

डिजिटल ईंडिया भारतीयों की जिंदगी में वह परिवर्तन लाने की मिशन है जिससे की हर उपभोक्ता को अपने रोज्मरा जीवन की कई काम पहले से आसान और कम खर्च में निभाने का मौका दे रही है| डिजिटल इंडिया की कई सफल कहानियाँ  हें-

  1. डिजिटल इंडिया प्रोग्राम से देश की हर गाँव को डिजिटल गाँव का रूप मिला:

अब तो डिजिटल इंडिया से सरकार देश की हर गाँव को इन्टरनेट के माध्यम से जोड़ने की काम पर लगे हैं| ये काम करीब 1 साल पहले से शुरु किया जा चूका है| इसके लिए देश की हर गाँव को इन्टरनेट के माध्यम से जोडा जाएगा, जो की देश की टेलिकॉम कंपनी बीएसएनएल को सौंपा जा चूका है की वह इस काम को अपने तकनिकी उपाय से मंजिल दिखाए|  इ-गवर्नेंस की जिल्ला प्रबंधक की माने तो ये कार्य अपने अंतिम कगार तक पहुँच गया है|

  1.   डिजिटल इंडिया प्रोग्राम से कार्य विधि में तेज़ी और सठीकता की एक पहल बन गयी:

डिजिटल इंडिया के जादू से देश की आर्थिक सहर मुंबई के सभी कोर्ट और कार्यालयों से टाइपराइटर की इस्तेमाल को जल्द ही समाप्त किया जायेगा| देश की कार्य व्यवस्था को और तेज़ी रफ़्तार देने के लिए ये नया कदम उठाया जायेगा|

  1.   डिजिटल इंडिया प्रोग्राम से गाडीयों  की आर.सी. करवाने में अब आसानी हुई (डिजिटल इंडिया के लाभ)

अब देश में गाडियों की आर.सी बनाने के लिए घंटों लाइन में खड़े होने की जरुरत नहीं है| क्यूंकि डिजिटल इंडिया के कारण अब आर.सी बस कुछ मिनटों में ऑनलाइन बन जायेगी जिससे समय की काफी बचत हुई| ये देश वासीओं के लिए एक वरदान है |

जानिए कितना सफल रहा डिजिटल इंडिया? डिजिटल इंडिया प्रोजेक्ट कैसे चल रहा है?

डिजिटल इंडिया मिशन हर दिन नयी ऊँचाइओं को छूने की कगार पर पहुँचने की तो हम सब रोज देख रहे हें, लेकिन क्या ये सिलसिला यूँ ही बढेगा, या इसके तरीकों में बदलाव की सख्त जरुरत है? आइए जानते हैं |

डिजिटल इंडिया को देश भर से अच्छी रेस्पोंस मिल रही है| इस मुहीम को गाँव और सहर दोनों वातावरण में काफी सराया गया है| गाँव की ज्यादा से ज्यादा लोग आज कल इन्टरनेट की व्यवहार करने में जूट गए हें| कहा ये भी जा रहा है की अगर गाँव में   डिजिटल इंडिया को इसी तरह से प्रोत्साहन मिलता रहा, तो वह दिन दूर नहीं जब गाँव की लोगों की इन्टरनेट व्यवहार की संख्या सहरी संख्या को पीछे छोड़ जायेगा |

डिजिटल इंडिया के प्रोग्राम को अभी भी पूरी तरह से सफलता हासिल करने के लिए बहोत सी मुश्किलों का सामना करना पड रहा है | आज भी देश के ज्यादातर लोग अनपढ़ हैं जो डिजिटल इंडिया की बढोत्तरी में सबसे बड़ा रुकावट साज़ रहा है| साइबर थ्रेट के कारण भी डिजिटल इंडिया की मुस्किलें बढ़ने लगी है| और इस मुहीम की सबसे बड़ी रुकावट है देश की राजनीति, जिससे की देश की ओप्पोसिसन पार्टी हर नए योजना या सिस्टम को नकारात्मक घोषित करके देश की बढोत्तरी में रुकावट बन रहे है|

डिजिटल इंडिया से इन्टरनेट के प्रयोग में भारी मात्र में बढ़ोत्तरी हुई है| लेकिन आज भी हमारे देश के करीब ३७ फिशादी लोग अनपढ़ हैं, और करीब 90 करोड़ लोगों के पास स्मार्ट फ़ोन की उपलबधी नहीं है| देश के टेंडर व्यवस्था में इ-टेंडर का माहोल बनाने पर सरकार ने कमर कस ली है| लेकिन इ-टेंडर या कहें इ- गवर्नेंस लोगों की परेशानी तो ख़त्म कर सकती है, लेकिन क्या इससे भ्रष्टाचार खत्म होगा इसका कोई पर्याप्त प्रमाण है| कानूनी नियम की देखें तो 2 लाख से ऊपर की खरीद के लिए इ-टेंडर जारी करना होता है, लेकिन देश की कई जगहों से तो ये भी आरोप आ रहा है की बिना टेंडर से ही ठेके बांटा जा रहा है|

कहा जा रहा है की देश में डिजिटल हवा का लहर छा रहा है, लेकिन सच तो ये भी है की देश की कई हिस्सों में आज भी मोबाइल फ़ोन का सिग्नल तक नहीं पहुँच पाया है, और स्थान कुछ ऐसे भी हैं जहां सिग्नल तो पहुँचता है लेकिन इस पर भरोषा करना बेवकूफी होगी| देश की कई हिस्सों में मरीजें कम से कम सरकारी एम्बुलेंस को खबर तक नहीं कर पाते हैं जिससे की राज्य में हर साल कई मात्र में लोगों की मौत भी होने की खबर हम रोज़ अखबारों में पढ़ते हैं|

हम मानते हैं की सरकार इन सारे परिस्तिथियों से अवगत है और इसका समाधान करने के लिए कई प्रकार की कदम भी उठा रही है, लेकिन अभी डिजिटल इंडिया जैसी एलानो को हम पूरी तरह से सफल नहीं कह सकते| लेकिन हम सब की मिली-भगत से वह दिन दूर नहीं जब डिजिटल इंडिया जैसी स्कीम से हम सब को फायदा मिलेगा और हम गौरव से देश को डिजिटल देश कहेंगे|

लेकिन इतनी सफलताओं के बावजूद, आज भी डिजिटल इंडिया के सामने कई चुनौतियां हें| डिजिटल इंडिया की सफलता में कोई सवाल्या निशाँ है, लेकिन आने वाले वक़्त में सरकार को इस मुहीम पे और मेहनत करना होगा|

डिजिटल इंडिया के सामने मुश्किल चुनौतीयां? Challenges Before Digital India Mission:

डिजिटल इंडिया भारत सरकार की आस्वस्नात्मक योजना है|  इ-कॉमर्स डिजिटल इंडिया प्रोग्राम को सुगम बनाने में मदद करेगा| कई कानूनी सलाहकारों की माने तो बिना साइबर सुरक्षा के डिजिटल इंडिया व्यर्थ है |

डिजिटल इंडिया को सफल बनाने  के लिए हर कार्यालयों की कर्मियों को उचित तालीम प्रदान करना अनिवार्य है |

डिजिटल इंडिया के कई बड़ी चुनौतियां है | जैसे की

  1. देश की इन्टरनेट स्पीड डिजिटल इंडिया के लिये एक बड़ी बाधा बनी :

देश की कई हिस्सों में इन्टरनेट स्पीड की बड़ी मुसीबत है जो की डिजिटल इंडिया को उन इलाकों में बढ़ने नहीं दे रही है| इस तरह से कहीं न कहीं इस प्रोजेक्ट के लिए एक बड़ी बाधा साबित हो रही है |

    2. देश की तकनिकी कमी की कारण सुरक्षा पर खतरा लहरा रही है :

देश की कंप्यूटर तथा सूचना प्रणाली इन्टरनेट से जुडी है | इन पर विदेशी कम्पन्यों की आधिपत्य है, जो की डिजिटल इंडिया के सफलता पर एक सवाल-इ-निसान लगा दे रही है | इसके लिए  देश को चाहिए स्वदेशी तकनिकी नियंत्रण जो की देश की तथ्य को बाहरी देशों की तकनीक से दूर रखे, ताकि देश में सुरक्षा की एक वातावरण बने |

   3.बच्चों पर इन्टरनेट की व्यवहार की आजादी पर ख़तरा के चलते डिजिटल इंडिया पर मुस्किल लहराई :

देश की बच्चों को डिजिटल इंडिया के कारण इन्टरनेट से जुड़ने की मुहीम और उनके इन्टरनेट व्यवहार पर आजादी भी हमें एक बार फिर डिजिटल इंडिया के बारे में सोचने के लिए मजबूर कर दे रहा है | आज कल बच्चे इन्टरनेट पर पढ़ाई करने के लिए उसकी इस्तेमाल करते हें| लेकिन इन्टरनेट जो की दुनिया भर की जानकारी को हम तक उपलब्ध करा रही है, वह बच्चों को अपनी मतलब और बेमतलब जानकारी की जाल में फसाने में कई बार सख्यम भी होते हम सब ने देखा है|

    4. देश में बिजली की परेशानी भी डिजिटल इंडिया की सफलता में एक रुकावट है :

आजादी की इतने वर्षों बाद भी हमारे देश की कई हिस्से आज भी बिजली को एक सपने की तरह देख रहे हें| बिजली की परेशानी भी डिजिटल इंडिया के खिलाफ खड़ी एक रुकावट है| बिना बिजली के देश में प्रगति का सपना देखना बेवजह और बेमतलब है| सीधी बात है की बिना बिजली के इन्टरनेट चल नहीं पायेगा जो की सीधा डिजिटल इंडिया पर अपना असर दिखायेगा| जरुरत है की देश की सरकार को देश की हर गाँव को बिजली उपलब्धि कराये|

डिजिटल इंडिया निबंध in हिंदी के सारांश in 5 lines : Digital India Mission Summary

डिजिटल इंडिया भारत सरकार के बहुउपयोगी कदम है जो की आगे चल के देश की हर कार्यालयों की काम काज में सहजता और आसानी लाने की एक बड़ी पहल है | इससे देश की विकास में अपना अमूल्य योगदान है | ये नागरिकों को डिजिटल सशक्त बनाने में अहम् भूमिका निभा रही है|

आज डिजिटल इंडिया कैंपेन के कारण देश को काफी लाभ मिला है, जैसे की कई सरकारी ऑफिस में डिजिटाईसेसन के कारण काम ने रफ़्तार पकड़ी है, काम काज में निर्भुलता की लहर झलक रही है| और सबसे अहम् की सरकारी बाबुओं की चोरी-कमाई में अब ताला पड़ने की दिन आ गई है जो की कई गरीबों को एक बड़ी राहत देने में सफल प्रयास है|

तो आइऐ हम सब मिल के देश की डिजिटल इंडिया प्रोग्राम में हिस्सा ले के देश के प्रति अपना फ़र्ज़ निभाएं और ज्यादा से  ज्यादा डिजिटाईसेसन को अपने जिंदगी का हिस्सा बनाएं |

क्या आप हमारे डिजिटल इंडिया पर निबंध की आर्टिकल से खुश हैं? अगर आप भी डिजिटल इंडिया के बारे में अपना कोई सोच रखना चाहते हें, तो निचे कमेंट बॉक्स में अपनी राय जरुर दें, और इस आर्टिकल को ज्यादा से ज्यादा लोगों में शेयर करें, ताकि देश में डिजिटाईसेसन की लहर बन जाए और हमें एक आसान और तेज़ गति ज़िन्दगी जीने में मददगार हो |

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